गुरुग्राम (हरियाणा):
देश के रियल एस्टेट बाजार में अब तक का सबसे बड़ा धमाका देखने को मिला है। गुरुग्राम के साइबर सिटी और पॉश इलाके में गिने जाने वाले गोल्फ कोर्स रोड पर एक सिंगल-यूनिट पेंटहाउस 271 करोड़ रुपये में बिका है। दावा किया जा रहा है कि प्रति वर्ग फुट (Carpet Area) के हिसाब से यह भारत के इतिहास की सबसे महंगी आवासीय डील्स (Residential Deals) में से एक बन चुकी है।
इस सुपर-लग्जरी प्रॉपर्टी को खरीदने वाले शख्स कोई और नहीं, बल्कि जाने-माने कारोबारी मानव सरदाना हैं।
कौन हैं 271 करोड़ की प्रॉपर्टी खरीदने वाले मानव सरदाना?
मानव सरदाना देश के प्रमुख इंडस्ट्रियल ग्रुप इम्पीरियल ऑटो (Imperial Auto Industries) से जुड़े एक सफल उद्यमी हैं।
• पारिवारिक पृष्ठभूमि: मानव सरदाना, उद्योगपति एस.बी. सरदाना के सुपुत्र हैं। उनके पिता ने वर्ष 1969 में जगजीत सिंह के साथ मिलकर 'इम्पीरियल ऑटो इंडस्ट्रीज' की नींव रखी थी।
• व्यावसायिक पहचान: फरीदाबाद में मुख्यालय वाली यह कंपनी ऑटोमोटिव और ऑफ-हाईवे सेक्टर्स के लिए पार्ट्स और प्रोडक्ट्स बनाती है।
• डायरेक्टर रोल: मानव सरदाना वर्तमान में इम्पीरियल ऑटो समूह की लगभग एक दर्जन से अधिक कंपनियों में निदेशक (Director) के पद पर कार्यरत हैं।
'द डहलियास' प्रोजेक्ट और सौदे की खास बातें
यह ऐतिहासिक सौदा डीएलएफ (DLF) के अल्ट्रा-लग्जरी प्रोजेक्ट 'द डहलियास' (The Dahlias) में हुआ है, जो गुरुग्राम के सेक्टर-54 स्थित गोल्फ कोर्स रोड पर बन रहा है।
• कीमत और एरिया: लगभग 10,500 वर्गफुट कारपेट एरिया वाले इस पेंटहाउस की कीमत 2.6 लाख रुपये प्रति वर्गफुट बैठती है। इसका कुल सुपर एरिया 17,200 वर्गफुट है।
• अल्ट्रा-लग्जरी का नया ठिकाना: 17 एकड़ में फैले इस प्रोजेक्ट में 8 टावर्स और 29 मंजिलों में कुल 420 सुपर-लग्जरी अपार्टमेंट्स और 15 एक्सक्लूसिव डुप्लेक्स पेंटहाउस तैयार किए जा रहे हैं।
• कीमत की रेंज: इस प्रोजेक्ट में सामान्य अपार्टमेंट्स की शुरुआती कीमत ही 100 करोड़ से 170 करोड़ रुपये के बीच है।
मुंबई को पीछे छोड़ गुरुग्राम बना 'लग्जरी हब'
अक्सर मुंबई को देश का सबसे महंगा रिहायशी बाजार माना जाता है, लेकिन वहां की अधिकांश बड़ी डील्स में कई अपार्टमेंट्स शामिल होते हैं। वहीं, गुरुग्राम की यह डील एक सिंगल-यूनिट पेंटहाउस के लिए अब तक की सबसे बड़ी डील्स में शुमार हो गई है।
इससे पहले भी 'द डहलियास' और 'द कैमिलियाज' जैसी सोसाइटीज में दिग्गज दिग्गजों ने 100 करोड़ से 190 करोड़ रुपये तक के सौदे किए हैं (जैसे बिजनेसमैन ऋषि पार्टी और जाने-माने निवेशक मधुसूदन केला)।
बाजार का रुझान और DLF की स्थिति
कोरोना महामारी के बाद से भारत के बड़े शहरों—खासकर गुरुग्राम और मुंबई में सुपर-लग्जरी घरों की मांग में जबरदस्त उछाल देखा गया है।
यद्यपि चालू वित्त वर्ष की शुरुआत में नई लॉन्चिंग न होने के कारण डीएलएफ की सेल्स बुकिंग में कुछ नरमी देखी गई, लेकिन जून तिमाही में कंपनी का समेकित शुद्ध लाभ (Consolidated Net Profit) 4% बढ़कर 793.90 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। डीएलएफ अपने मौजूदा वित्त वर्ष के 20,000 करोड़ रुपये के वार्षिक बिक्री लक्ष्य को हासिल करने को लेकर पूरी तरह आश्वस्त है।
